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जहरीली हो रही शहर की आबोहवा: देश में फिर से सबसे प्रदूषित शहरों में शुमार हुआ बल्लभगढ़, एक्यूआई पहुंचा 333, आज से ग्रेप लागू

फरीदाबाद6 घंटे पहले

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प्रशासनिक लापरवाही के चलते औद्योगिक नगरी की आबोहवा तेजी से खराब होने लगी है। गुरुवार को एक बार फिर बल्लभगढ़ देश का सबसे प्रदूषित शहरों में गिना गया। यहां का एयर क्वालिटी इंडक्स 331 तक पहुंच गया। फरीदाबाद समेत दिल्ली एनसीआर में बढ़ते प्रदूषण को देखते हुए कमीशन फाॅर एयर क्वालिटी मैनेजमेंट इन एनसीआर की सब कमेटी ने बैठक कर ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लन(ग्रेप) लागू करने की सिफारिश कर दी है। शुक्रवार से ग्रेप लागू हो जाएगा। इसके बाद कई बंदिशें लगाई जाएंगी। ग्रेप लागू कराने के लिए सरकारी विभागों की जिम्मेदारी भी तय की जाएगी। मौसम विभाग का मानना है कि आगामी 17-18 अक्टूबर से शीत पड़नी शुरू हो जाएगीद। इसके बाद और तेजी से प्रदूषण बढ़ने की संभावना है।

धरातल पर नहीं है कोई प्लान

कहने को निगम प्रशासन प्रदूषण नियंत्रण के लिए सभी जरूरी कदम उठा रहा है। लेकिन हकीकत ये है कि अभी धरातल पर इसका कोई असर नहीं दिखाई दे रहा है। पूरे शहर में न तो कहीं पानी का छिड़काव किया जा रहा है और न ही कहीं सड़कों की सफाई हो रही है। अभी तक निगम का प्लान सिर्फ कागजों पर ही चल रहा है। हैरानी की बात ये है कि हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड भी अभी तक किसी विभाग की जवाबदेही नहीं तय कर पाया है।

बल्लभगढ़ पहले, मुरादाबाद दूसरे व यमुनानगर तीसरे नंबर पर

केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के आंकड़ों पर नजर डालें तो गुरुवार को बल्लभगढ़ देश भर में सबसे प्रदूषित शहर रहा। यहां का एक्यूआई 333 दर्ज किया गया। इसके बाद यूपी का मुरादाबाद(280) दूसरे और यमुनानगर (272) तीसरे नंबर पर रहा। आंकड़ों के अनुसार फरीदाबाद का एक्यूआई 222, गाजियाबाद का 223, दिल्ली का 182, ग्रेटर नोएडा का 214, गुड़गांव का 172 तथा मानेसर का 185 रिकार्ड किया गया।

ग्रेप लागू करने के लिए विभागों की तय होगी जिम्मेदारी

हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की रीजनल आफिसर स्मिता कनोड़िया ने बताया कि दो दिन पहले कमीशन फाॅर एयर क्वालिटी मैनेजमेंट इन एनसीआर की सब कमेटी की बैठक हुई थी। वीसी के माध्यम से हुई इस बैठक में केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के मेंबर सेक्रेटरी डाॅ. प्रशांत गारगव शामिल हुए थे। उन्होंने ग्रेप लागू करने की सिफारिश कर दी है। उन्होंने बताया कि प्रदूषण रोकने के लिए डीसी जितेंद्र यादव के माध्यम से 15-16 विभागों की जिम्मेदारी तय की जाएगी।

ग्रेप के लिए ये की गई सिफारिश

-होटलों में प्रयोग होने वाले कोयला व लकड़ी का प्रयोग तत्काल बंद कराया जाए।

-कूड़ा जलाने पर पूरी तरह से रोक लगाई जाए, यदि कोई उल्लंघन करता है उस पर जुर्माना लगाया जाए।

-ईंट भट्‌टों को बंद कराया जाए, क्यों कि उनमें कोयला और लकड़ी का प्रयोग किया जाता है।

-जिला प्रशासन सड़कों पर पानी का छिड़काव और सड़कों की सफाई सुनिश्चित कराए।

-सड़कों पर दौड़ने वाले पुराने वाहनों पर रोक लगाई जाए, उनके प्रदूषण लेवल चेक किए जाएं।

-सभी निर्माणाधीन स्थलों पर धूल को नियंत्रित करने के लिए सभी जरूरी कदम उठाए जाएं, जैसे स्मॉग गन की व्यवस्था की जाए।

-शहर में जहां जहां ट्रैफिक जाम की समस्या बनी रहती है वहां ट्रैफिक पुलिस की ड्यूटी लगाकर ट्रैफिक बेरोक टोक चलाया जाए।

-घरों के बाहर कूड़ा कचरा फैलाने पर पूरी तरह से रोक लगाई जाए, न मानने वालों पर जुर्माना किया जाए आदि।

एक सप्ताह का रिकार्ड किया गया एक्यूआई

डेट एक्यूआई

7 अक्टूबर 221

8 अक्टूबर 270

9 अक्टूबर 330

10 अक्टूबर 304

11 अक्टूबर 283

12 अक्टूबर 256

13 अक्टूबर 269

14 अक्टूबर 333

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