Breaking News

बदमाशों की गोली से जख्मी करियाना स्टोर मालिक की मौत: जख्मी हालत में लेकर एक्टिवा पर 45 मिनट तक भटकते रहे दोस्त, प्राइवेट अस्पतालों ने नहीं किया था भर्ती, 2 महीने पहले हुआ था बेटे का जन्म

जालंधर2 घंटे पहले

  • कॉपी लिंक

जख्मी हालत में अस्पताल लाए गए सचिन जैन।

जालंधर के सोढ़ल रोड पर मथुरा नगर में बदमाशों की गोली से जख्मी हुए जैन करियाना स्टोर के मालिक सचिन जैन की मौत हो गई है। सचिन की बाईं तरफ किडनी में गोली लगी थी जिसकी वजह से उन्हें बचाया नहीं जा सका। मंगलवार तड़के 4 बचकर 45 मिनट पर उन्होंने प्राइवेट अस्पताल में दम‌ तोड़ दिया। सोमवार रात को जब उन्हें गोली लगी तो दोस्त एक्टिवा पर लेकर कई प्राइवेट अस्पतालों में उन्हें लेकर 45 मिनट तक भटकते रहे, इसके बावजूद पुलिस केस बता सचिन को भर्ती नहीं किया गया। जिसके बाद उन्हें सिविल अस्पताल और वहां से रेफर कर प्राइवेट अस्पताल में भर्ती कराया गया था। जहां उनकी मौत हो गई। करियाना स्टोर मालिक सचिन जैन के घर 2 महीने पहले ही दूसरे बेटे का जन्म हुआ था। फिलहाल यह वारदात लूट के एंगल से जांच की जा रही है। पुलिस ने हत्या का केस दर्ज कर अज्ञात लुटेरों की तलाश शुरू कर दी है।

मृतक सचिन जैन (फाइल फोटो)

मृतक सचिन जैन (फाइल फोटो)

32 साल के सचिन जैन को सोमवार रात करीब 9 बजे लुटेरों ने उस वक्त गोली मार दी थी जब वह दिन भर की कमाई इकट्ठी कर घर जाने की तैयारी कर रहे थे। इसी दौरान तीन नकाबपोश लुटेरे बाइक पर आए और उनसे पैसे मांगे। पैसे ना देने पर उन्हें गोली मार दी गई। जख्मी हालत में उन्हें अस्पताल पहुंचाया गया था लेकिन वह बच न सके।

गोली लगने के बाद जख्मी सचिन जैन को एक्टिवा पर अस्पताल ले जाते दोस्त

गोली लगने के बाद जख्मी सचिन जैन को एक्टिवा पर अस्पताल ले जाते दोस्त

पुलिस केस बता अस्पतालों ने नहीं किया भर्ती, सिविल से रेफर कराने को कहते रहे

क्या समय पर इलाज मिलता तो सचिन जैन की जान बचाई जा सकती थी? अब यह सवाल खड़ा हो गया है। सोमवार रात जब बदमाशों ने उन्हें गोली मारी तो उन्हें दोस्त एक्टिवा पर बिठाकर टैगोर अस्पताल, सत्यम अस्पताल, जोशी अस्पताल और अरमान अस्पताल ले गए लेकिन पुलिस केस बता स्टाफ ने उन्हें भर्ती नहीं किया गया। उन्हें सिविल से रेफर कराने की बात कही गई। करीब 45 मिनट तक वो भटकते रहे। इसके बाद उन्हें सिविल अस्पताल की एमरजेंसी में लेकर जाना पड़ा। इसके बाद उन्हें सिविल अस्पताल और फिर एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था लेकिन वह बच न सके।

खबरें और भी हैं…

चंडीगढ़ | दैनिक भास्कर

About R. News World

Check Also

टोक्यो ऑलंपिक्स में मेंस हॉकी टीम की जीत पर खुशी: शुरू हुआ इंडियन हॉकी का गोल्डन सिनेरियाे,बढ़ेगा खिलाड़ियों का मोटिवेशन और कॉन्फिडेंस,बोले हॉकी अकादमी के कोच,गुरजंट और रुपिंदर ने यहीं से ली ट्रेनिंग

Hindi News Local Chandigarh Golden Scenario Of Indian Hockey Begins,will Increase Motivation And Confidence Of …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *